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MP में बैंकों की 7000 ब्रांच आज खुली रहेंगी: सोमवार से 3 दिन हड़ताल; 5 डे वीक की मांग

मध्य प्रदेश में बैंक शाखा के बाहर आज खुली रहेंगी का बोर्ड और दूसरी तरफ 5-डे वीक की मांग को लेकर बैंक स्ट्राइक का पोस्टर लिए प्रदर्शन करते बैंककर्मी

मध्य प्रदेश में बैंक ग्राहकों के लिए आज रविवार का दिन अहम है। MP बैंक हड़ताल से पहले ग्राहकों की सुविधा के लिए सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक रविवार, 27 सितंबर को खुले रहेंगे।

इसके बाद सोमवार से बुधवार तक यानी 28 से 30 सितंबर तक देशभर में बैंक कर्मचारियों की तीन दिवसीय हड़ताल प्रस्तावित है। बैंक यूनियनें पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह लागू करने की मांग कर रही हैं।

MP बैंक हड़ताल से पहले आज खुले रहेंगे बैंक

केंद्र सरकार ने बैंक ग्राहकों की सुविधा को देखते हुए रविवार को बैंक खोलने का फैसला किया है। वित्त मंत्रालय के अनुसार, सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक 27 सितंबर को सामान्य रूप से काम करेंगे।

भारतीय रिजर्व बैंक ने भी बैंक शाखाओं, कार्यालयों, एटीएम से जुड़ी शाखाओं और करेंसी चेस्ट को रविवार को चालू रखने की मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य हड़ताल से पहले जरूरी बैंकिंग काम पूरा करने का मौका देना है।

मध्य प्रदेश में करीब 7 हजार बैंक शाखाओं पर बैंक हड़ताल का असर पड़ने की जानकारी सामने आई है। ऐसे में जिन ग्राहकों को शाखा से जुड़े जरूरी काम हैं, वे आज बैंक जाकर अपना काम पूरा कर सकते हैं।

ग्राहकों के लिए आज क्यों जरूरी है बैंक जाना?

सोमवार से शुरू होने वाली हड़ताल के कारण शाखाओं में नियमित कामकाज प्रभावित हो सकता है। इसलिए नकद लेनदेन और अन्य जरूरी काम पहले निपटाना सुविधाजनक रहेगा।

खासकर कारोबारियों और उन ग्राहकों को ध्यान देना चाहिए, जिन्हें बैंक काउंटर से जुड़े काम करने हैं।

आज इन कामों को प्राथमिकता दी जा सकती है:

  • नकद जमा या निकासी
  • चेक जमा करना
  • बैंक ड्राफ्ट से जुड़े काम
  • शाखा में दस्तावेज जमा करना
  • जरूरी बैंकिंग आवेदन
  • अन्य काउंटर आधारित सेवाएं

सोमवार से तीन दिन रहेगी बैंक हड़ताल

यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस यानी UFBU ने 28 से 30 सितंबर तक तीन दिन की देशव्यापी हड़ताल का आह्वान किया है। वित्त मंत्रालय ने भी इन तारीखों की हड़ताल का उल्लेख करते हुए कर्मचारियों से काम जारी रखने की अपील की है।

सरकार के अनुसार, 11 सितंबर को भी एक दिन की बैंक हड़ताल हो चुकी है। अब 28 से 30 सितंबर तक तीन दिन की हड़ताल प्रस्तावित है।

इसके अलावा, सरकार के मुताबिक 26 अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल का प्रस्ताव भी रखा गया है। यह स्थिति आगे की बातचीत और मांगों पर होने वाली प्रगति पर निर्भर करेगी।

किन तारीखों पर प्रभावित होगा बैंक कामकाज?

बैंक हड़ताल का मुख्य कार्यक्रम इस प्रकार है:

  • 27 सितंबर: सार्वजनिक क्षेत्र और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक खुले रहेंगे।
  • 28 सितंबर: हड़ताल का पहला दिन।
  • 29 सितंबर: हड़ताल का दूसरा दिन।
  • 30 सितंबर: हड़ताल का तीसरा दिन।

30 सितंबर को बैंकों का छमाही समापन भी होता है। वित्त मंत्रालय ने कहा है कि इस तारीख को बैंकिंग गतिविधियों के लिए विशेष महत्व रहता है।

बैंककर्मी क्यों कर रहे हैं हड़ताल?

बैंक यूनियनों की प्रमुख मांग पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह लागू करना है। अभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में हर महीने दूसरे और चौथे शनिवार को अवकाश रहता है।

यूनियनें सभी शनिवार को छुट्टी देने की मांग कर रही हैं। इसका मतलब है कि बैंक सोमवार से शुक्रवार तक काम करें और शनिवार-रविवार साप्ताहिक अवकाश रहे।

पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था की मांग काफी समय से बैंक कर्मचारी संगठनों के एजेंडे में रही है। मौजूदा हड़ताल भी इसी मांग को लेकर की जा रही है।

PLI को लेकर सरकार का क्या कहना है?

वित्त मंत्रालय के अनुसार, यूनियनों की दो प्रमुख मांगों में पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था और Performance Linked Incentive यानी PLI योजना को वापस लेना शामिल था।

सरकार ने बताया है कि PLI योजना को फिलहाल रोक दिया गया है। इसके बावजूद पांच दिवसीय कार्य सप्ताह की मांग पर सहमति नहीं बन पाई है।

इसके बाद भी सरकार और बैंक यूनियनों के बीच बातचीत का दौर चला। हालांकि, 28 से 30 सितंबर की हड़ताल का कार्यक्रम जारी है।

बैंक हड़ताल का ग्राहकों पर क्या असर पड़ेगा?

MP बैंक हड़ताल का सबसे सीधा असर बैंक शाखाओं में होने वाले काम पर पड़ सकता है। काउंटर से होने वाले कई लेनदेन प्रभावित होने की संभावना है।

नकद जमा और निकासी, चेक से जुड़े काम और कुछ अन्य शाखा सेवाओं में देरी हो सकती है। इसलिए जरूरी काउंटर आधारित काम आज ही निपटाना बेहतर रहेगा।

हालांकि, डिजिटल बैंकिंग सेवाएं पूरी तरह बंद होने की स्थिति अलग है। उपलब्ध रिपोर्टों के अनुसार UPI, मोबाइल बैंकिंग और इंटरनेट बैंकिंग जैसी डिजिटल सेवाओं का इस्तेमाल जारी रहने की उम्मीद है।

ATM और डिजिटल बैंकिंग से राहत

हड़ताल के दौरान ATM और डिजिटल माध्यम ग्राहकों के लिए महत्वपूर्ण विकल्प रहेंगे। हालांकि, किसी भी सेवा की उपलब्धता बैंक और तकनीकी व्यवस्था पर निर्भर कर सकती है।

ग्राहक जरूरत के अनुसार इन माध्यमों का इस्तेमाल कर सकते हैं:

  • UPI
  • मोबाइल बैंकिंग
  • इंटरनेट बैंकिंग
  • ATM
  • बैंक के डिजिटल ऐप

इसलिए अगर कोई काम शाखा में जाना जरूरी नहीं है, तो उसे डिजिटल माध्यम से पूरा किया जा सकता है।

MP के बैंक ग्राहकों को क्या करना चाहिए?

मध्य प्रदेश में करीब 7 हजार शाखाओं पर असर पड़ने की जानकारी के कारण ग्राहकों को पहले से तैयारी करनी चाहिए। खासकर वे लोग सावधानी रखें, जिनका बैंक से जुड़ा कोई जरूरी भुगतान या दस्तावेजी काम लंबित है।

आज बैंक खुले होने का फायदा उठाकर जरूरी काउंटर सेवाएं पूरी की जा सकती हैं। इससे अगले तीन दिनों में संभावित परेशानी कम हो सकती है।

कारोबारियों को विशेष ध्यान देना होगा

हड़ताल का असर कारोबारियों पर भी पड़ सकता है। व्यापार से जुड़े कई भुगतान और बैंकिंग प्रक्रियाएं शाखाओं पर निर्भर रहती हैं।

वित्त मंत्रालय ने भी कहा है कि 30 सितंबर को छमाही समापन के कारण बैंकिंग गतिविधियों का विशेष महत्व रहता है। ऐसे में कारोबार से जुड़े जरूरी कामों की पहले से योजना बनाना उपयोगी रहेगा।

क्या निजी बैंक भी बंद रहेंगे?

हड़ताल का सबसे अधिक असर सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और संबंधित बैंकिंग सेवाओं पर पड़ने की संभावना है। निजी क्षेत्र के सभी बैंकों पर इसका समान प्रभाव जरूरी नहीं है।

इसलिए किसी निजी बैंक की शाखा में जाने से पहले उसके कामकाज की स्थिति जांच लेना बेहतर रहेगा। बैंक की वेबसाइट, मोबाइल ऐप या स्थानीय शाखा से जानकारी ली जा सकती है।

इसी तरह, क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को लेकर भी 27 सितंबर को सरकार ने स्पष्ट रूप से कामकाज जारी रखने की व्यवस्था की है।

सरकार ने रविवार को बैंक खोलने का फैसला क्यों लिया?

28 से 30 सितंबर की हड़ताल से पहले 26 और 27 सितंबर को सप्ताहांत अवकाश था। इससे बैंकिंग सेवाओं पर लगातार कई दिनों तक असर पड़ने की स्थिति बन सकती थी।

इसी वजह से सरकार ने 27 सितंबर को सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को खोलने का निर्णय लिया। RBI ने भी शाखाओं और संबंधित बैंकिंग केंद्रों को चालू रखने की अनुमति दी।

सरकार ने कहा है कि इस कदम का उद्देश्य ग्राहकों की जरूरी बैंकिंग जरूरतों को प्रभावित होने से बचाना है।

आगे क्या होगा?

अब सबकी नजर 28 सितंबर से शुरू होने वाली तीन दिवसीय हड़ताल पर है। बैंक यूनियनों और सरकार के बीच बातचीत से स्थिति में बदलाव होता है या नहीं, यह आगे स्पष्ट होगा।

फिलहाल उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के अनुसार 28 से 30 सितंबर तक हड़ताल का कार्यक्रम तय है। ग्राहकों को इस अवधि में शाखा आधारित सेवाओं के प्रभावित होने के लिए तैयार रहना चाहिए।

निष्कर्ष

MP बैंक हड़ताल से पहले आज, 27 सितंबर को सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक और क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक खुले रहेंगे। केंद्र सरकार ने ग्राहकों की सुविधा के लिए यह विशेष व्यवस्था की है।

इसके बाद 28 से 30 सितंबर तक तीन दिन की देशव्यापी बैंक हड़ताल प्रस्तावित है। बैंक कर्मचारी संगठन पांच दिवसीय बैंकिंग सप्ताह की मांग कर रहे हैं।

मध्य प्रदेश में करीब 7 हजार शाखाओं से जुड़े ग्राहकों के लिए आज जरूरी बैंकिंग काम निपटाना अहम हो सकता है। वहीं, हड़ताल के दौरान UPI, ATM और डिजिटल बैंकिंग जैसे विकल्पों का इस्तेमाल किया जा सकता है।

हड़ताल को लेकर आगे सरकार और बैंक यूनियनों के बीच बातचीत महत्वपूर्ण रहेगी। फिलहाल ग्राहकों को बैंक शाखा से जुड़े जरूरी काम समय रहते पूरे कर लेने चाहिए।

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