मथुरा के वृन्दावन में अक्षय तृतीया पर श्री बांके बिहारी मंदिर में उमड़ा जन सैलाब, प्रशासन का छूटा पसीना
कल शनिवार को वृन्दावन में जन सैलाब उमड़ पड़ा। शनिवार को वीकेंड और अक्षय तृतीया होने की वजह से भरी भीड़ उमड़ पड़ी। श्रद्धालु अपने आराध्य ठाकुर बांके बिहारी जी के चरण दर्शन के लिए वृन्दावन पहुंचे। सुबह से ही भारी भीड़ वृन्दावन में जमा होने लगी। भारी भीड़ को देख प्रशासन से मंदिर के सभी प्रवेश द्वारों पर बेरिकेडिंग कर दी। एक एक कर श्रद्धालुओं को मंदिर में प्रवेश कराया गया।
शनिवार को अक्षय तृतीया पड़ने से श्रद्धालुओं को फायदा हुआ एक तो दो दिन का अवकाश मिला जिसके कारण जन जन अपने आराध्य के दर्शन के लिए वृन्दावन पहुंचा। अक्षय तृतीया का इंतज़ार श्रद्धालु साल भर करता है क्योकि उसे इस दिन अपने आराध्य ठाकुर बांके बिहारी जी के चरण दर्शन करने को मिलते है। शनिवार और रविवार दो दिन का अवकाश होने की वजह से भरी मात्रा में श्रद्धालु अपने आराध्य के दर्शन को पहंचे। श्रद्धालु अक्षय तृतीया के पावन पर्व पर सुबह चरण दर्शन की अभिलाषा लिए लालियत दिखे। सुगन्धित इत्र और पुष्पों से महकता मंदिर परिसर श्रद्धालुओं में स्वय ही आध्यात्मिक भावना संचार कर रहा था। मंदिर में भीनी भीनी इत्र और पुष्पों की सुगंध और चन्दन की आभा का वातावरण श्रद्धालुओं को अपने आराध्य श्री बिहारी जी के श्री चरणों की ओर खींचे ले जा रहा था। अक्षय तृतीया पर मंदिर के पट समय से पहले ही खुले। सम्पूर्ण मंदिर प्रांगण ठाकुर बांके बिहारी जी के जयकारों से गूंज उठा। ठाकुर बांके बिहारी जी महाराज के मंदिर के सेवायत पिछले कई दिनों से अक्षय तृतीया के पावन पर्व की तैयारी में लगे थे। चन्दन श्रंगार में चन्दन के साथ केसर और कपूर को मिलकर ठाकुर जी को लेप लगा कर ठंडक का एहसास कराया गया।
देश विदेश से आये श्रद्धालु ठाकुर श्री बांके बिहारी जी के चन्दन प्रसाद को पा कर अपने आप को धन्य मान रहे थे। ठाकुर श्री बांके बिहारी जी के दर्शन का यह सिलसिला सुबह से लेकर शाम तक चला। पूरा मंदिर ठाकुर बांके बिहारी लाल के जयकारों की गूंज से गुंजायमान रहा।

