आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें बढ़ सकती हैं, जमानत के खिलाफ सीबीआई की याचिका सुप्रीम कोर्ट में मंजूर
चारा घोटाले मामले में आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव की मुश्किलें बढ़ सकती है। सीबीआई ने लालू प्रसाद यादव को मिली जमानत के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की थी। जिसे सुप्रीम कोर्ट ने मंजूरी दे दी है। जिसके बाद आने वाले कुछ ही दिनों में सुप्रीम कोर्ट में इस पर सुनबाई हो सकती है।
दरअसल लम्बे समय से लालू यादव बीमार चल रहे थे। इसको देखते हुए झारखण्ड हाईकोर्ट ने लालू यादव को जमानत दे दी थी। जिसका सीबीआई ने विरोध किया था। हाईकोर्ट से लालू यादव को जमानत मिलने के बाद सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया। साथ ही साथ इस याचिका पर जल्द से जल्द सुनबाई के लिए अर्जी भी लगायी। सुप्रीम कोर्ट ने अब इस अर्जी को सूचीबद्ध कर दिया है। सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि लालू यादव की जमानत को रद्द किया जाये।
बढ़ सकती है मुश्किलें
हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद लालू यादव को इस साल अप्रैल माह में जेल से रिहा किया गया। इसके बाद लालू यादव कई चुनावी मंचों पर नजर आये। इन सब के बीच सीबीआई लगातार इस जमानत का विरोध कर रही थी। इसी के साथ सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट का रुख भी किया। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने इस याचिका को लिस्टबद्ध नहीं किया था। इसके बाद सीबीआई ने सुप्रीमकोर्ट में जल्द सुनबाई को लेकर एक और याचिका डाली। लेकिन अब सुप्रीम कोर्ट ने याचिका पर सुनबाई के लिए इसे सूचीबद्ध कर दिया है। अब यदि सीबीआई सुप्रीम कोर्ट में यह साबित कर देती है कि लालू यादव को जमानत नहीं मिलनी चाहिए तो लालू यादव को फिर से जेल जाना पड़ सकता है।
चारा घोटाले में फंसे लालू यादव
बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री और आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद यादव के खिलाफ चारा घोटाला मामले में कई मामले चल रहे हैं। जिनमें सभी में उन्हें दोषी करार दिया गया। चार मामलों में पहले ही लालू को जमानत मिल गई थी। इस घोटाले से जुड़ा पांचवा मामला रांची के दोरंदा कोषागार से 139 करोड़ रुपये की अवैध निकासी का था। इस मामले में भी रांची में सीबीआई की स्पेशल कोर्ट ने 2022 में लालू को दोषी करार दिया था और तीन साल की सजा सुनाई। ये चारा घोटाले से जुड़ा सबसे बड़ा मामला था। पूरा चारा घोटाला 900 करोड़ से भी ज्यादा का बताया जाता है।
