ज्योतिरादित्य सिंधिया के मध्यप्रदेश से विधानसभा चुनाव लड़ने का कयास ख़त्म
मध्यप्रदेश में अगले महीने होने वाले विधानसभा चुनाव पर पुरे देश की निगाहें टिकी हुयी हैं। इस चुनाव में देश की दो प्रमुख पार्टियों ने अपने दिग्गजों को चुनावी मैदान में उतारा है और जनता को साधने की कोशिश की है। अब तक यह कयास लगाए जा रहे थे कि बीजेपी ज्योतिरादित्य सिंधिया को भी विधानसभा चुनाव मैदान में उतार सकती है। लेकिन अब यह साफ हो गया है कि ज्योतिरादित्य सिंधिया विधानसभा चुनाव नहीं लड़ेंगे।
अब तक कयास लगाया जा रहा था कि बीजेपी ज्योतिरादित्य सिंधिया को गुना या विदिशा से चुनाव लड़वा सकती है। लेकिन गुना सीट से पन्ना लाल शाक्य और विदिशा सीट से मुकेश टंडन को प्रत्याशी बनाया गया है। इसी के साथ ज्योतिरादित्य सिंधिया के विधानसभा चुनाव लड़ने की अटकलें भी ख़त्म हो गयी हैं।
सिंधिया को टिकट न देने का कारण
बीजेपी ने मध्यप्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए सभी प्रत्याशियों की सूची जारी कर दी है। उसके बाद बीजेपी ने बताया कि सिंधिया को विधानसभा चुनाव में न उतारने का बड़ा कारण है। यह बात सामने आयी थी कि पार्टी ने सिंधिया को चुनाव लड़ाने पर विचार किया था। लेकिन एन मौके पर पार्टी ने लिस्ट में से सिंधिया का नाम हटा दिया। सूत्रों के अनुसार इस बार पार्टी ने ज्योतिरादित्य सिंधिया के समर्थकों को टिकट नहीं दिया है। वहीं ज्योतिरादित्य सिंधिया को बिना सीएम फेस बनाये चुनाव में उतारना संभव नहीं लग रहा था। यदि सिंधिया को चुनावी मैदान में उतरा जाता तो ये चर्चा होती कि सिंधिया ही सीएम का चेहरा हैं। इससे विधायकों के बीच कई सवाल उठ सकते थे। इसलिए बीजेपी ने काफी विचार विमर्श के बाद सिंधिया को चुनाव में न उतारने का निर्णय लिया।
वहीं कुछ समय पहले ज्योतिरादित्य सिंधिया ने एक इंटरव्यू में कहा था कि वह विधानसभा चुनाव नहीं लड़ना चाहते हैं। हालाँकि बाद में उन्होंने यह भी कहा कि वह चुनाव लड़ने से मना नहीं कर रहे हैं।
