विजय थलापति का एंटी-ड्रग रन: मरीना बीच पर हजारों युवाओं के साथ दौड़े मुख्यमंत्री, दिया ड्रग्स मुक्त तमिलनाडु का संदेश
चेन्नई:
अंतरराष्ट्रीय नशीली दवाओं के दुरुपयोग एवं अवैध तस्करी विरोधी दिवस (26 जून) के अवसर पर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय (विजय थलापति) ने चेन्नई के ऐतिहासिक मरीना बीच पर विशाल एंटी-ड्रग अवेयरनेस रन को हरी झंडी दिखाकर युवाओं को नशे के खिलाफ एकजुट होने का संदेश दिया।
“Start Run, Stop Drugs” थीम पर आयोजित इस कार्यक्रम में हजारों छात्र, युवा, खिलाड़ी और आम नागरिक शामिल हुए। मुख्यमंत्री स्वयं ट्रैकसूट पहनकर प्रतिभागियों के साथ दौड़े और लोगों से स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की।
मरीना बीच पर उमड़ा जनसैलाब
सुबह आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में मरीना बीच रोड पर हजारों लोगों की लंबी कतारें देखने को मिलीं। सभी प्रतिभागियों ने “Start Run, Stop Drugs” लिखी टी-शर्ट पहनकर ड्रग्स मुक्त समाज का संदेश दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत से पहले मुख्यमंत्री विजय ने एक विशेष जागरूकता बोर्ड पर तमिल भाषा में संदेश लिखा—
“Sporta Edu, Drugs Vidu”
(खेल अपनाओ, ड्रग्स छोड़ो)
इसके बाद उन्होंने हस्ताक्षर कर अभियान की औपचारिक शुरुआत की। राज्य के कई मंत्रियों और अधिकारियों ने भी इस अभियान का समर्थन किया।
मुख्यमंत्री विजय ने दिलाई एंटी-ड्रग शपथ
रन शुरू होने से पहले मुख्यमंत्री ने उपस्थित लोगों को नशा विरोधी शपथ दिलाई।
प्रतिज्ञा के मुख्य बिंदु थे—
- मैं किसी भी प्रकार के नशीले पदार्थ का सेवन नहीं करूंगा।
- अपने परिवार और मित्रों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करूंगा।
- समाज को ड्रग्स मुक्त बनाने में सक्रिय भूमिका निभाऊंगा।
- नशे की समस्या से जूझ रहे लोगों की सहायता करने का प्रयास करूंगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि केवल सरकारी कार्रवाई से नहीं बल्कि समाज और युवाओं की भागीदारी से ही ड्रग्स की समस्या खत्म की जा सकती है।
“ड्रग्स को जड़ से खत्म करेंगे” – मुख्यमंत्री विजय
रैली को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री विजय ने कहा कि राज्य सरकार ड्रग्स के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति पर काम कर रही है।
उन्होंने कहा,
“ड्रग्स समाज और युवाओं के भविष्य को बर्बाद कर रहे हैं। हमारी सरकार इसे जड़ से समाप्त करने के लिए प्रतिबद्ध है।”
उन्होंने युवाओं से खेल, फिटनेस और सकारात्मक जीवनशैली अपनाने की अपील करते हुए कहा कि खेल नशे का सबसे बेहतर विकल्प है।
सरकार का व्यापक एंटी-ड्रग मिशन
यह आयोजन तमिलनाडु सरकार के व्यापक Drug-Free Tamil Nadu Mission का हिस्सा है।
अभियान के प्रमुख उद्देश्य
- राज्यभर में ड्रग्स के खिलाफ जागरूकता बढ़ाना
- स्कूल और कॉलेजों में अभियान चलाना
- युवाओं को खेल गतिविधियों से जोड़ना
- नशा मुक्ति केंद्रों को मजबूत बनाना
- ड्रग्स तस्करी पर सख्त कार्रवाई करना
मुख्यमंत्री विजय ने हाल ही में राज्य का एंटी-ड्रग एंथम भी लॉन्च किया है, जिसे इस अभियान का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जा रहा है।
तमिलनाडु में क्यों बढ़ी ड्रग्स की चिंता?
विशेषज्ञों के अनुसार पिछले कुछ वर्षों में राज्य में सिंथेटिक ड्रग्स और अन्य नशीले पदार्थों का उपयोग बढ़ा है।
सबसे अधिक प्रभावित वर्ग—
- कॉलेज छात्र
- शहरी युवा
- बेरोजगार युवक
- स्कूल स्तर के किशोर
सरकार का मानना है कि समय रहते जागरूकता अभियान और कड़ी कार्रवाई से इस समस्या पर प्रभावी नियंत्रण पाया जा सकता है।
मरीना बीच क्यों बना इस अभियान का केंद्र?
चेन्नई का मरीना बीच केवल पर्यटन स्थल ही नहीं बल्कि सामाजिक और राजनीतिक आंदोलनों का भी प्रमुख केंद्र रहा है।
ऐसे ऐतिहासिक स्थान पर हजारों युवाओं के साथ मुख्यमंत्री का दौड़ना इस अभियान को व्यापक जनसमर्थन दिलाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
युवाओं में दिखा जबरदस्त उत्साह
कार्यक्रम में शामिल कई छात्रों ने कहा कि मुख्यमंत्री को स्वयं दौड़ते देखकर उन्हें सकारात्मक प्रेरणा मिली।
प्रतिभागियों का कहना था कि यदि खेल गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाए तो युवा नशे जैसी बुरी आदतों से दूर रह सकते हैं।
पूरे राज्य में चल रहे हैं जागरूकता कार्यक्रम
मरीना बीच की रन के अलावा तमिलनाडु के विभिन्न जिलों में भी कई कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इनमें शामिल हैं—
- जागरूकता रैली
- स्कूल एवं कॉलेज सेमिनार
- खेल प्रतियोगिताएं
- नशा मुक्ति अभियान
- सोशल मीडिया कैंपेन
सरकार अधिक से अधिक युवाओं को इस अभियान से जोड़ने के लिए मुफ्त रजिस्ट्रेशन और प्रचार सामग्री भी उपलब्ध करा रही है।
निष्कर्ष
चेन्नई के मरीना बीच पर आयोजित एंटी-ड्रग रन केवल एक खेल आयोजन नहीं बल्कि समाज को नशे के खिलाफ जागरूक करने का बड़ा अभियान था।
मुख्यमंत्री थलपति विजय ने युवाओं के बीच जाकर यह संदेश दिया कि ड्रग्स मुक्त समाज का निर्माण केवल कानून से नहीं बल्कि जनभागीदारी, जागरूकता और स्वस्थ जीवनशैली से संभव है।
यदि यह अभियान लगातार इसी तरह चलता रहा तो आने वाले वर्षों में तमिलनाडु नशे के खिलाफ देश के लिए एक प्रभावी मॉडल बन सकता है।
उत्तर: 26 जून 2026 को अंतरराष्ट्रीय नशा विरोधी दिवस के अवसर पर।
उत्तर: चेन्नई के प्रसिद्ध मरीना बीच पर।
उत्तर: युवाओं को नशे से दूर रहने और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करना।
उत्तर: “Start Run, Stop Drugs”
उत्तर: सरकार ड्रग्स तस्करी पर सख्त कार्रवाई, जागरूकता अभियान, खेल गतिविधियों को बढ़ावा और पुनर्वास केंद्रों को मजबूत बनाने पर काम कर रही है।

